Bhimashankar Temple Trip 2026: कम बजट में कैसे करें दर्शन? (Complete Travel Guide)
भिमाशंकर मंदिर यात्रा गाइड 2026: स्टेप बाय स्टेप पूरी जानकारी
महाराष्ट्र के सह्याद्री पर्वतों में बसे 12 ज्योतिर्लिंगों में से एक भिमाशंकर मंदिर की पूरी यात्रा गाइड
परिचय
भिमाशंकर मंदिर भारत के बारह ज्योतिर्लिंगों में से छठा ज्योतिर्लिंग है, जो पुणे जिले में सह्याद्री पर्वत श्रृंखला में स्थित है। यह मंदिर भगवान शिव को समर्पित है और भिमा नदी का उद्गम स्थल यहीं है। घने जंगल, वन्यजीव अभयारण्य और मनमोहक प्राकृतिक सौंदर्य के कारण यह स्थान धार्मिक एवं पर्यटन दोनों दृष्टि से महत्वपूर्ण है। मंदिर की ऊंचाई लगभग 3,250 फीट है और यहां साल भर ठंडा मौसम रहता है।
भिमाशंकर मंदिर का मुख्य दृश्य (स्रोत: DharmikVibes)
भिमाशंकर मंदिर का सुंदर दृश्य
इतिहास और पौराणिक महत्व
पौराणिक कथाओं के अनुसार, भगवान शिव ने यहां त्रिपुरासुर नामक राक्षस का वध किया था। एक अन्य कथा में भिम नामक राक्षस का संहार करने के बाद यह स्थान भिमाशंकर कहलाया। मंदिर का वर्तमान स्वरूप 13वीं शताब्दी में नाना फडणवीस द्वारा बनवाया गया, जो हेमाडपंथी शैली में है। शिवलिंग स्वयंभू माना जाता है। महाशिवरात्रि यहां विशेष उत्सव के साथ मनाई जाती है।
मंदिर के अंदर ज्योतिर्लिंग दर्शन
कैसे पहुंचें भिमाशंकर मंदिर
- हवाई मार्ग: निकटतम एयरपोर्ट पुणे (120 किमी) या मुंबई (200 किमी)।
- रेल मार्ग: पुणे रेलवे स्टेशन से बस या टैक्सी।
- सड़क मार्ग: पुणे से 110 किमी (3-4 घंटे), मुंबई से 240 किमी। MSRTC बसें उपलब्ध। घाट सेक्शन में सुंदर दृश्य मिलते हैं।
भिमाशंकर पहुंचने का घाट मार्ग
यात्रा का सबसे अच्छा समय
अक्टूबर से मार्च सबसे उत्तम समय है। मानसून में ट्रेकिंग रोमांचक लेकिन जोखिम भरा। महाशिवरात्रि में भारी भीड़ रहती है। सर्दियों में गर्म कपड़े साथ रखें।
भिमाशंकर वन्यजीव अभयारण्य का घना जंगल
स्टेप बाय स्टेप यात्रा गाइड
- तैयारी: मौसम चेक करें, आरामदायक जूते, पानी, स्नैक्स, दवाइयां साथ रखें। बजट: ₹2000-5000 प्रति व्यक्ति।
- पहुंचना: पार्किंग से मंदिर तक 1-2 किमी पैदल। पूजा सामग्री खरीदें।
- दर्शन: मंदिर सुबह 4:30 से रात 9:30 तक खुला। आरती समय: 4:30 AM, 3 PM, 7:30 PM। विशेष दर्शन टिकट उपलब्ध।
- परिक्रमा: गणेश, पार्वती मंदिर देखें, भिमा नदी उद्गम जाएं।
- ट्रेकिंग: गुप्त भिमाशंकर ट्रेक (5-7 किमी), झरने और वन्यजीव देखें। गाइड साथ लें।
- भोजन-ठहरना: लोकल महाराष्ट्रीयन थाली। MTDC रिसॉर्ट या होटल उपलब्ध।
- आसपास घूमें: हनुमान झील, नागफनी पॉइंट।
- वापसी: लोकल शहद या जड़ी-बूटियां खरीदें।
ट्रेकिंग के दौरान मनमोहक झरना
शिडी घाट ट्रेक का रोमांचक हिस्सा
महत्वपूर्ण टिप्स और सावधानियां
- मानसून में रेनकोट जरूर रखें।
- जंगली जानवरों से सतर्क रहें।
- मंदिर में फोटोग्राफी प्रतिबंधित हो सकती है।
- प्लास्टिक का उपयोग न करें, पर्यावरण सुरक्षित रखें।
- बुजुर्गों और बच्चों के साथ कठिन ट्रेक न करें।
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